नीट यूजी 2025 फर्जी दस्तावेज मामला: दो और गिरफ्तार, अब तक 5 आरोपी पकड़े गए
देहरादून। नीट यूजी-2025 में फर्जी दस्तावेजों के आधार पर एमबीबीएस में दाखिला दिलाने के मामले में देहरादून पुलिस की एसआईटी ने दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान संजय कुमार और गिरीश सिंह के रूप में हुई है। इस मामले में अब तक कुल 5 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
मामला थाना रायपुर और थाना क्लेमेंटाउन में दर्ज अलग-अलग मुकदमों से जुड़ा है। आरोप है कि कुछ अभ्यर्थियों ने कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर सरकार के पोर्टल पर स्वतंत्रता संग्राम सेनानी आश्रित प्रमाण पत्र बनवाने के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था। जांच में प्रस्तुत दस्तावेज फर्जी पाए जाने के बाद मुकदमे दर्ज किए गए।
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी देहरादून के निर्देश पर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण-1 श्रीमती जया बलोनी के नेतृत्व में एसआईटी गठित की गई। एसआईटी ने दस्तावेजों और संबंधित शिक्षण संस्थानों से रिकॉर्ड जुटाकर जांच आगे बढ़ाई।
जांच में सामने आए साक्ष्यों के आधार पर एसआईटी ने संजय कुमार और गिरीश सिंह को पूछताछ के लिए थाना रायपुर लाया। पूछताछ और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर दोनों को गिरफ्तार किया गया।
पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपी तीन अभ्यर्थियों स्वाति, परी और खुशी के कथित कूटरचित दस्तावेज, आधार कार्ड, डोमिसाइल और स्वतंत्रता संग्राम सेनानी प्रमाण पत्र तैयार कराने तथा मेडिकल कॉलेज में दाखिले में सहयोग करने में शामिल थे। इसके बदले दोनों द्वारा कथित तौर पर अनुचित धनराशि प्राप्त की गई।
इससे पहले एसआईटी इस मामले में रुपेश पंडित, अरविंद कुमार और धीरज कुमार श्रीवास्तव को गिरफ्तार कर चुकी है।
एसआईटी द्वारा मामले से जुड़े सभी पहलुओं की गहन जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
